भारतमाला प्रोजेक्ट घोटाले में ED की बड़ी कार्रवाई, रायपुर समेत 9 ठिकानों पर रेड

भारतमाला प्रोजेक्ट घोटाले में ED की बड़ी कार्रवाई, रायपुर समेत 9 ठिकानों पर रेड

रायपुर: छत्तीसगढ़ में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने नए साल से पहले बड़ी कार्रवाई की है. ईडी ने सोमवार को भारत माला प्रोजेक्ट मुआवजा घोटाला में राजधानी रायपुर और महासमुंद में छापा मारा है. 9 से ज्यादा ठिकानों पर तलाशी ली जा रही है.

जानकारी के मुताबिक़, भारतमाला प्रोजेक्ट सड़क के लिए भूमि अधिग्रहण मुआवजे के भुगतान में कथित अनियमितताओं को लेकर लगातार एक्शन लिया जा रहा है. इसी कड़ी में सोमवार को छत्तीसगढ़ में कई स्थानों पर छापेमारी की है. ईडी की टीम ने राजधानी रायपुर और महासमुंद में छापा मारा है. 9 से ज्यादा ठिकानों पर जांच की जा रही है.

महासमुंद में होंडा शोरूम के मालिक कारोबारी जशबीर सिंह बग्गा के बसंत कॉलोनी स्थित घर में छापेमारी की गई है. साथ ही रायपुर में लॉ विष्टा सोसाइटी में स्थित हरमीत खनूजा के आवास पर रेड पड़ी है. इसके अलावा उनके कथित सहयोगी, कुछ सरकारी अधिकारी, भूमि अधिग्रहण से जुड़े जमीन मालिक से पूछताछ की जा रही है. ईडी की अलग-अलग टीम जांच कर रही है. टीम वित्तीय लेनदेन की दस्तावेजों की जांच कर रही है.

भारतमाला परियोजना क्या है?

बता दें, भारतमाला परियोजना भारत सरकार की एक महत्वाकांक्षी सड़क और राजमार्ग परियोजना है, जिसे 2017 में शुरू किया गया था. इस परियोजना के तहत 26,000 किलोमीटर लंबे आर्थिक गलियारों के विकास की परिकल्पना की गई है. इसके अंतर्गत आर्थिक कॉरिडोर, फीडर कॉरिडोर और इंटर कॉरिडोर, राष्ट्रीय कॉरिडोर, तटवर्ती सड़कें, बंदरगाह संपर्क सड़कें आदि का निर्माण किया जाएगा. रायपुर–विशाखापत्तनम कॉरिडोर इसी परियोजना का अहम हिस्सा है. राजधानी रायपुर से विशाखपट्टनम तक 950 कि.मी. सड़क निर्माण किया जा रहा है.

भारतमाला प्रोजेक्ट में भूमि अधिग्रहण मुआवजा राशि को लेकर छत्तीसगढ़ में कथित घोटाला हुआ है. सड़क के निर्माण के लिए सरकार ने कई किसानों की जमीनें अधिग्रहित की हैं. जिसके बदले उन्हें मुआवजा दिया जाना था. लेकिन अब कई किसानों को अब तक मुआवजा नहीं मिल सका है. कुछ अधिकारियों और राजस्व कर्मचारियों ने मिलकर धोखाधड़ी कर मुआवजा राशि हड़प ली. इस मामले में लगातार जांच जारी है|