कलेक्टर रोहित व्यास ने विद्यार्थियों संग खेला शतरंज

कलेक्टर रोहित व्यास ने विद्यार्थियों संग खेला शतरंज

कल्याण आश्रम एवं महारानी लक्ष्मीबाई विद्यालय में प्रशिक्षण सत्रों का किया निरीक्षण

जशपुरनगर । जिले में विद्यार्थियों की बौद्धिक क्षमता, तर्कशीलता, निर्णय कौशल तथा खेल भावना को बढ़ावा देने के उद्देश्य से चेकमेट एट जशपुर शतरंज प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम के अंतर्गत शतरंज प्रशिक्षण एवं प्रतियोगिताओं की श्रृंखला औपचारिक रूप से प्रारंभ हो गई है। कार्यक्रम के अंतर्गत कलेक्टर रोहित व्यास आज कल्याण आश्रम स्कूल और महारानी लक्ष्मीबाई विद्यालय पहुँचे। जहाँ उन्होंने प्रशिक्षण सत्रों का निरीक्षण करते हुए बच्चों के साथ शतरंज खेला और उन्हें प्रोत्साहित किया। 

कलेक्टर व्यास ने 9वीं के छात्र प्रिंस और 12वीं की छात्रा सेजल पंडा के साथ मैत्री खेल के दौरान विभिन्न दांवदृपेंच, ओपनिंग, डिफेंस व महत्वपूर्ण रणनीतियों का प्रदर्शन किया। बच्चों ने कलेक्टर के साथ खेल कर इसे अपने लिए प्रेरणादायक अनुभव बताया। कलेक्टर ने बताया कि शतरंज ऐसा खेल है जो विद्यार्थियों में एकाग्रता, धैर्य, विश्लेषणात्मक सोच और त्वरित निर्णय क्षमता को विकसित करता है। इस दौरान एसडीएम विश्वास राव मस्के, सहायक जिला खेल अधिकारी प्रदीप चौरसिया सहित अन्य अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहें।

तीन चरणों में होगी प्रतियोगिता, विजेता होंगे पुरस्कृत: :

चेकमेट एट जशपुर कार्यक्रम के तहत जिले के सभी शासकीय, अशासकीय व अनुदान प्राप्त हाई तथा हायर सेकेण्डरी विद्यालयों में शतरंज प्रशिक्षण एवं प्रतियोगिताएँ चरणवार आयोजित की जा रही हैं। विद्यालयों में शतरंज खेलने वाले विद्यार्थियों का चयन प्रारंभ हो चुका है। चयनित विद्यार्थियों को 01 से 03 दिसम्बर तक खेल कालखंड में प्रतिदिन एक घंटे का प्रशिक्षण दिया गया, जिसका संचालन खेल प्रशिक्षक तथा शतरंज में दक्ष शिक्षक द्वारा किया गया। प्रशिक्षण उपरांत 04 एवं 05 दिसम्बर को विद्यालय स्तर पर नॉकआउट पद्धति से प्रतियोगिता कराई जाएगी। इसमें प्रथम एवं द्वितीय स्थान प्राप्त विद्यार्थियों को विद्यालय की एसेंबली में प्राचार्य द्वारा पुरस्कृत किया जाएगा।

इसके बाद 06 से 08 दिसम्बर तक विकासखंड स्तर की प्रतियोगिता सेजेस विद्यालयों में विकासखंड शिक्षा अधिकारियों द्वारा आयोजित की जाएगी। इस चरण में विद्यालय स्तरीय विजेता और उपविजेता खिलाड़ी शामिल होंगे। प्रतियोगिता नॉकआउट पद्धति से होगी तथा क्वार्टर फाइनल तक पहुँचने वाले प्रतिभागियों को ट्रॉफी और प्रमाणपत्र प्रदान किए जाएंगे।

जिला स्तरीय प्रतियोगिता 10 दिसम्बर को  :

अंतिम चरण में 10 दिसम्बर को जिला स्तरीय प्रतियोगिता पत्थलगांव में आयोजित की जाएगी। प्रत्येक विकासखंड से शीर्ष 08 खिलाड़ी जिला स्तर पर भाग लेंगे। प्रतियोगिता नॉकआउट प्रारूप में होगी तथा अंतिम आठ स्थान प्राप्त करने वाले सभी खिलाड़ियों को नगद पुरस्कार, ट्रॉफी एवं प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया जाएगा। पूरे आयोजन में बालक और बालिका दोनों एकसाथ भाग लेंगे, तथा इसमें किसी भी प्रकार की आयु या कक्षा संबंधी बाध्यता नहीं रहेगी। कार्यक्रम के शुभारंभ के साथ ही जिले के विद्यालयों में उत्साह का माहौल है और विद्यार्थियों में शतरंज के प्रति बढ़ती रुचि स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही है। जिला प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे चेकमेट एट जशपुर कार्यक्रम से जिले में कई प्रतिभावान शतरंज खिलाड़ी उभरकर सामने आएंगे।